- न्यूज मंत्रा लाइव ब्यूरो
Forced Marriage : बिहार के समस्तीपुर जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां एक 22 वर्षीय छात्र, जो बिहार पुलिस भर्ती की तैयारी कर रहा था, ‘पकड़वा विवाह’ (जबरन विवाह) का शिकार हो गया। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए युवक को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया है।
नशीली कोल्ड ड्रिंक और जबरन मंडप: पूरी कहानी
घटना समस्तीपुर के शाहपुर पटोरी थाना क्षेत्र की है। पीड़ित युवक, जिसकी पहचान नीतीश कुमार (22 वर्ष) के रूप में हुई है, शनिवार (7 फरवरी, 2026) को लाइब्रेरी से लौट रहा था। आरोप है कि उसके कुछ परिचितों ने उसे रास्ते में रोका और कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ मिलाकर पिला दिया।
बेहोशी की हालत में नीतीश को चकराजा अली गांव ले जाया गया, जहां एक मंदिर में उसकी शादी लक्ष्मी कुमारी (शंकर राय की बेटी) से जबरन करा दी गई। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि नीतीश पूरी तरह नशे की हालत में है और लोग उसे सहारा देकर रस्में पूरी करवा रहे हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो से हुआ खुलासा
शादी के बाद नीतीश को दो दिनों तक एक कमरे में बंद रखा गया। होश आने पर उसने चुपके से एक वीडियो बनाया और अपनी आपबीती सुनाई, जिसे उसने अपने परिजनों को भेजा। वीडियो वायरल होते ही पुलिस हरकत में आई। डीएसपी बी.के. मेधावी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने छापेमारी कर युवक को मुक्त कराया।
महत्वपूर्ण बातें :
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स्थान: ग्राम- जोड़ी पोखर और चकराजा अली, समस्तीपुर।
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पीड़ित: नीतीश कुमार (पुलिस अभ्यर्थी)।
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आरोप: अपहरण और नशीला पदार्थ पिलाकर जबरन विवाह।
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पुलिस कार्रवाई: युवक को रेस्क्यू किया गया, जांच जारी।
घटनाक्रम: क्या-कब हुआ?
| समय | घटना |
| 7 फरवरी, 2026 | नीतीश लाइब्रेरी से लौटते समय लापता हुआ; नशीला पदार्थ देकर अपहरण। |
| 8 फरवरी, 2026 | मंदिर में बेहोशी की हालत में जबरन विवाह की रस्में पूरी की गईं। |
| 9-10 फरवरी, 2026 | युवक को कमरे में कैद रखा गया; युवक ने वीडियो बनाकर गुहार लगाई। |
| 10 फरवरी, 2026 | पुलिस ने छापेमारी कर युवक को रेस्क्यू किया और परिजनों को सौंपा। |
| 12 फरवरी, 2026 | इलाके में तनावपूर्ण शांति; पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी। |
कानूनी स्थिति और जांच
शाहपुर पटोरी पुलिस के अनुसार, पीड़ित का बयान दर्ज कर लिया गया है। हालांकि, लड़की के परिवार का दावा है कि यह एक ‘अरेंज मैरिज’ थी। पुलिस वीडियो की सत्यता और अपहरण के दावों की गहन जांच कर रही है। फिलहाल क्षेत्र में भारी पुलिस बल की तैनाती है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।
बिहार में ‘पकड़वा विवाह’ की कुप्रथा अब भी कानून व्यवस्था के लिए चुनौती बनी हुई है। शिक्षित युवाओं को निशाना बनाना समाज की बदलती लेकिन खतरनाक मानसिकता को दर्शाता है।
Disclaimer: यह समाचार रिपोर्ट मीडिया रिपोर्ट्स और पुलिस द्वारा दी गई प्रारंभिक जानकारी पर आधारित है। मामले की जांच जारी है और न्यायालय के फैसले तक किसी को भी दोषी नहीं माना जा सकता।
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