- हेल्थ डेस्क
AIIMS Survey : दिल्ली में AIIMS के एक ongoing school-based screening programme में करीब 4,000 छात्राओं की menstrual health की जांच के दौरान लगभग हर पांच में से एक लड़की ने पीरियड्स में किसी तरह की अनियमितता बताई है। यह आंकड़ा किशोरियों में menstrual health पर ध्यान देने की जरूरत दिखाता है, लेकिन इसे सीधे PCOS का संकेत या diagnosis मानना सही नहीं होगा।
इस finding को समझने की सबसे जरूरी बात यही है कि किशोरावस्था में irregular periods और बीमारी के कारण होने वाली menstrual irregularity एक ही चीज नहीं हैं।
AIIMS survey में वास्तव में क्या मिला?
AIIMS का यह school-based screening programme लगभग 2023 से दिल्ली के सरकारी और निजी स्कूलों में चल रहा है और हालिया रिपोर्टों के अनुसार करीब 4,000 छात्राओं को इसमें शामिल किया जा चुका है। स्क्रीनिंग में menstrual patterns के साथ adolescent health से जुड़े दूसरे संकेतों को भी देखा जा रहा है।
रिपोर्ट किए गए आंकड़े के मुताबिक करीब 20% छात्राओं ने menstrual irregularity की जानकारी दी।
लेकिन यहां एक महत्वपूर्ण सावधानी है:
20% irregular periods का अर्थ यह नहीं है कि 20% लड़कियों को PCOS है।
AIIMS के डॉक्टरों ने भी menstrual irregularity को लड़की की उम्र, पहली माहवारी यानी menarche के बाद बीते समय और दूसरे clinical features के संदर्भ में देखने की बात कही है।
किशोरियों में पीरियड्स शुरू होने के बाद अनियमितता क्यों हो सकती है?
पहली माहवारी शुरू होने के शुरुआती वर्षों में शरीर का reproductive hormonal system अभी maturation की प्रक्रिया में होता है। इसी वजह से cycle हर महीने बिल्कुल समान अंतराल पर आए, यह जरूरी नहीं है।
अंतरराष्ट्रीय adolescent-PCOS guidelines के अनुसार menarche के पहले साल में irregular menstrual cycles सामान्य pubertal transition का हिस्सा हो सकते हैं। इसके बाद cycle pattern को लड़की की gynecological age यानी menarche के बाद बीते वर्षों के हिसाब से देखा जाता है।
इसलिए केवल यह कहना कि—
“पीरियड्स irregular हैं, इसलिए PCOS है”
—वैज्ञानिक रूप से पर्याप्त नहीं है।
कब irregular periods को गंभीरता से लेना चाहिए?
हर irregular cycle बीमारी नहीं होती, लेकिन कुछ patterns medical evaluation की जरूरत दिखा सकते हैं।
2023 International Evidence-based PCOS Guideline के अनुसार:
- menarche के पहले साल में irregular cycles pubertal transition का हिस्सा हो सकते हैं।
- menarche के 1 से 3 साल के बीच लगातार 21 दिन से कम या 45 दिन से अधिक के cycles चिंता का कारण हो सकते हैं।
- menarche के 3 साल बाद 21 दिन से कम या 35 दिन से अधिक के cycles को evaluate किया जाना चाहिए।
- menarche के एक साल बाद 90 दिन से ज्यादा का कोई भी menstrual gap evaluation की जरूरत पैदा कर सकता है।
ACOG भी adolescent menstrual cycles को health का एक महत्वपूर्ण संकेत मानता है और 90 दिनों तक period न आने, बार-बार 21 दिनों से कम या 45 दिनों से अधिक अंतराल, 7 दिनों से ज्यादा bleeding या बहुत ज्यादा bleeding जैसी स्थितियों में medical evaluation की सलाह देता है।
Irregular periods और PCOS में क्या फर्क है?
Irregular periods एक symptom/pattern है; PCOS एक medical condition है।
किशोरियों में PCOS का diagnosis विशेष रूप से सावधानी से किया जाता है क्योंकि puberty के दौरान कई सामान्य बदलाव PCOS जैसे दिखाई दे सकते हैं।
2023 international guideline के मुताबिक adolescent PCOS diagnosis के लिए menstrual irregularity को clinical या biochemical hyperandrogenism जैसे दूसरे evidence के साथ देखा जाता है और ऐसी अन्य conditions को भी exclude करना जरूरी है जो समान symptoms पैदा कर सकती हैं।
इसका मतलब है कि सिर्फ irregular periods देखकर PCOS घोषित नहीं किया जाना चाहिए।
किन दूसरी वजहों पर भी ध्यान दिया जाता है?
अनियमित periods के पीछे एक से अधिक कारण हो सकते हैं। AIIMS की डॉक्टरों द्वारा दिए गए हालिया clinical context में thyroid disorders, congenital adrenal hyperplasia, prolactin से जुड़ी समस्या और PCOS जैसी स्थितियों का उल्लेख किया गया है।
इसलिए किसी किशोरी में लगातार menstrual irregularity होने पर डॉक्टर आमतौर पर केवल periods की तारीख नहीं देखते, बल्कि उसके पूरे clinical context को समझते हैं।
Parents को क्या देखना चाहिए?
माता-पिता के लिए सबसे उपयोगी कदम period tracking है।
एक simple record में नोट किया जा सकता है:
- period शुरू होने की तारीख
- अगली period की तारीख
- cycle के बीच कितने दिन रहे
- bleeding कितने दिन चली
- bleeding सामान्य से बहुत ज्यादा तो नहीं
- बहुत तेज दर्द है या नहीं
- acne या चेहरे/शरीर पर असामान्य बालों की समस्या
- वजन में तेजी से बदलाव
- लंबे समय तक period न आना
ऐसा record डॉक्टर को menstrual pattern समझने में मदद कर सकता है।
कब डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है?
यदि periods के बीच 90 दिन से ज्यादा का gap हो जाए, cycles लगातार बहुत छोटे या बहुत लंबे हों, bleeding बहुत ज्यादा हो, सात दिन से अधिक चले या symptoms रोजमर्रा की जिंदगी को प्रभावित करें, तो medical evaluation कराना उचित है।
यह भी जरूरी है कि परिवार खुद से hormonal medicine, PCOS की दवा या कोई supplement शुरू न करे।
इस AIIMS finding का असली मतलब क्या है?
इस survey finding का सबसे महत्वपूर्ण संदेश PCOS का डर पैदा करना नहीं, बल्कि adolescent menstrual health को गंभीरता से लेना है।
करीब 4,000 छात्राओं की screening में menstrual irregularity का इतना बड़ा reported proportion यह बताता है कि स्कूल स्तर पर menstrual health की जानकारी, tracking और जरूरत पड़ने पर medical evaluation महत्वपूर्ण हैं। लेकिन survey में irregular periods रिपोर्ट करने वाली हर लड़की को PCOS का मरीज मानना वैज्ञानिक रूप से सही नहीं होगा।
Bottom Line
Irregular period ≠ PCOS.
किशोरियों में menstrual cycle को समझने के लिए उम्र + पहली माहवारी को कितना समय हुआ + cycle pattern + दूसरे symptoms + medical evaluation—इन सभी को साथ देखना जरूरी है।
Health Disclaimer: यह जानकारी सामान्य स्वास्थ्य शिक्षा के लिए है। किसी किशोरी में लगातार अनियमित periods, बहुत ज्यादा bleeding, लंबे समय तक period न आना या अन्य चिंताजनक symptoms हों तो pediatrician, adolescent-health specialist, gynecologist या endocrinologist से व्यक्तिगत सलाह लें।
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