- डेस्क टीम
आज का पंचांग, 29 सितंबर 2026: मंगलवार को आश्विन मास के कृष्ण पक्ष की तृतीया तिथि शाम 5:09 बजे तक रहेगी। इसके बाद कृष्ण पक्ष की चतुर्थी शुरू होगी। आज अश्विनी नक्षत्र सुबह 9:03 बजे तक है, फिर भरणी नक्षत्र रहेगा। चंद्रमा मेष राशि में और सूर्य कन्या राशि में स्थित रहेगा।
नई दिल्ली के स्थानीय समय के अनुसार आज सूर्योदय सुबह 6:13 बजे और सूर्यास्त शाम 6:10 बजे होगा। चंद्रोदय शाम 7:44 बजे तथा चंद्रास्त अगले दिन सुबह 8:40 बजे के आसपास रहेगा।
29 सितंबर 2026: पंचांग एक नजर में
| पंचांग | समय/विवरण |
|---|---|
| दिन | मंगलवार |
| तिथि | कृष्ण पक्ष तृतीया, शाम 5:09 बजे तक |
| अगली तिथि | कृष्ण पक्ष चतुर्थी |
| नक्षत्र | अश्विनी, सुबह 9:03 बजे तक |
| अगला नक्षत्र | भरणी |
| योग | हर्षण, 30 सितंबर तड़के 3:20 बजे तक |
| करण | वणिज सुबह 6:13 बजे तक, फिर विष्टि शाम 5:09 बजे तक |
| चंद्र राशि | मेष |
| सूर्य राशि | कन्या |
| सूर्योदय | सुबह 6:13 बजे |
| सूर्यास्त | शाम 6:10 बजे |
| चंद्रोदय | शाम 7:44 बजे |
| चंद्रास्त | सुबह 8:40 बजे |
उपरोक्त गणनाएं नई दिल्ली के स्थानीय समय पर आधारित हैं।
आज तृतीया के बाद शुरू होगी चतुर्थी
29 सितंबर को तृतीया तिथि शाम 5:09 बजे तक है। इसके बाद चतुर्थी शुरू होती है। पंचांग में आज विघ्नराज संकष्टी का उल्लेख भी किया गया है। चंद्रमा का उदय शाम 7:44 बजे के आसपास होने के कारण संकष्टी से जुड़े चंद्रदर्शन के लिए यह समय विशेष रूप से उपयोगी है।
आज के शुभ समय
नई दिल्ली पंचांग के अनुसार:
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4:37 से 5:25 बजे
- अभिजित मुहूर्त: सुबह 11:47 से दोपहर 12:35 बजे
- विजय मुहूर्त: दोपहर 2:11 से 2:58 बजे
- गोधूलि मुहूर्त: शाम 6:10 से 6:34 बजे
- सर्वार्थ सिद्धि योग: सुबह 6:13 से 9:03 बजे
- अमृत सिद्धि योग: सुबह 6:13 से 9:03 बजे
इन समयों को पारंपरिक पंचांग-गणना के अनुसार शुभ या विशेष समय माना जाता है। किसी विशेष संस्कार, पूजा या मुहूर्त के लिए स्थानीय परंपरा और संबंधित विधि को भी ध्यान में रखना चाहिए।
आज का राहुकाल और अन्य अशुभ समय
29 सितंबर को नई दिल्ली में राहुकाल दोपहर 3:10 बजे से 4:40 बजे तक रहेगा। इसके अलावा यमगण्ड सुबह 9:12 से 10:42 बजे और गुलिक काल दोपहर 12:11 से 1:41 बजे तक रहेगा।
भद्रा: सुबह 6:13 बजे से शाम 5:09 बजे तक।
गण्ड मूल: सुबह 6:13 से 9:03 बजे और रात 10:59 से 11:47 बजे तक।
विडाल योग: सुबह 6:13 से 9:03 बजे तक।
आज कौन-सा पर्व या धार्मिक अवसर है?
पंचांग के अनुसार 29 सितंबर को तृतीया श्राद्ध, महा भरणी और विघ्नराज संकष्टी का उल्लेख है। यह दिन पितृपक्ष से जुड़ी तिथि और संकष्टी चतुर्थी के संदर्भ में धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है।
धार्मिक अनुष्ठानों की विधि, व्रत और पारण के नियम परंपरा तथा क्षेत्र के अनुसार अलग हो सकते हैं। इसलिए किसी विशेष व्रत के लिए संबंधित स्थानीय पंचांग या परंपरा के अनुसार समय देखना उचित है।
आज का पंचांग क्यों महत्वपूर्ण है?
पंचांग केवल तिथि बताने वाला कैलेंडर नहीं है। इसमें तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार सहित सूर्योदय, सूर्यास्त, चंद्रोदय तथा विभिन्न मुहूर्तों की गणना शामिल होती है। इन गणनाओं का उपयोग पारंपरिक धार्मिक अनुष्ठानों और मुहूर्त निर्धारित करने में किया जाता है।
29 सितंबर 2026 को तृतीया शाम 5:09 बजे तक है और इसके बाद चतुर्थी शुरू होगी। सुबह 9:03 बजे तक अश्विनी नक्षत्र रहेगा, फिर भरणी नक्षत्र शुरू होगा। आज सूर्योदय 6:13 बजे और सूर्यास्त 6:10 बजे होगा। संकष्टी चतुर्थी से जुड़े चंद्रदर्शन के लिए चंद्रोदय लगभग 7:44 बजे है।
नोट: पंचांग की गणनाएं स्थान के अनुसार बदलती हैं। ऊपर दिए गए समय नई दिल्ली के स्थानीय समय पर आधारित हैं।
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